चेहरे और शरीर के लिए एक ही सनस्क्रीन इस्तेमाल कर सकते हैं क्या?
Brand logo
P
Payodhi Chaturvedi 05 Oct 2026

चेहरे और शरीर के लिए एक ही सनस्क्रीन इस्तेमाल कर सकते हैं क्या?

सनस्क्रीन त्वचा की देखभाल का एक जरूरी हिस्सा है। धूप में निकलते समय इसका इस्तेमाल त्वचा को सूरज की हानिकारक पराबैंगनी किरणों से बचाने में मदद करता है। लेकिन जब चेहरे और शरीर के लिए अलग-अलग सनस्क्रीन उपलब्ध हों, तो अक्सर सवाल आता है कि क्या चेहरे और शरीर के लिए एक ही सनस्क्रीन इस्तेमाल कर सकते हैं?

इसका सीधा जवाब है हां, आप चेहरे और शरीर पर एक ही सनस्क्रीन इस्तेमाल कर सकते हैं, लेकिन यह जरूरी है कि वह दोनों जगहों की त्वचा के लिए उपयुक्त हो। चेहरे की त्वचा आमतौर पर शरीर की त्वचा से अधिक संवेदनशील होती है। और चेहरे पर मुंहासे, तैलीयपन या जलन जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं। इसलिए सनस्क्रीन चुनते समय केवल एसपीएफ देखना ही काफी नहीं है। 

क्या चेहरे और शरीर के लिए एक ही सनस्क्रीन इस्तेमाल कर सकते हैं?

हां, अगर सनस्क्रीन चेहरे और शरीर दोनों पर लगाने के लिए बनाई गई है और आपकी त्वचा को सूट करती है, तो आप इसका इस्तेमाल दोनों जगह कर सकते हैं।

हालांकि, चेहरे और शरीर की त्वचा की ज़रूरतें अलग हो सकती हैं। शरीर के लिए बनाई गई सनस्क्रीन की बनावट चेहरे पर भारी या चिपचिपी लग सकती है। वहीं, चेहरे के लिए बनाई गई हल्की सनस्क्रीन पूरे शरीर पर लगाना महंगा पड़ सकता है, क्योंकि शरीर पर ज्यादा मात्रा में सनस्क्रीन की जरूरत होती है।

 सनस्कूप हाइड्रेटिंग फ़्लूइड सनस्क्रीन चेहरे और शरीर के लिए सही विकल्प है। और रोमछिद्रों को बंद न करने वाला सनस्क्रीन है, जो एसपीएफ़ 60 पीए++++ सुरक्षा प्रदान करता है। यह शुष्क त्वचा के लिए एक नमी देने वाला सनस्क्रीन है, जो त्वचा पर तुरंत समा जाता है और न तो सफेद परत छोड़ता है और न ही चिपचिपापन महसूस होने देता है। आसान दोबारा इस्तेमाल के लिए बनाए गए इस सनस्क्रीन स्प्रे से रोज़ाना त्वचा को सूर्य की UVA और UVB किरणों तथा प्रदूषण से होने वाले नुकसान से बचाने में मदद मिलती है।

चेहरे और शरीर की त्वचा में क्या अंतर होता है?

चेहरे की त्वचा लगातार धूप, धूल, प्रदूषण और मौसम के संपर्क में रहती है। इसके अलावा, चेहरे पर तेल ग्रंथियां अधिक सक्रिय हो सकती हैं, जिससे तैलीय त्वचा, बंद रोमछिद्र और मुंहासों की समस्या हो सकती है। शरीर की त्वचा आमतौर पर मोटी होती है और इसकी ज़रूरतें अलग हो सकती हैं। शरीर पर सनस्क्रीन लगाते समय बड़ी मात्रा में उत्पाद की आवश्यकता होती है, खासकर हाथों, गर्दन, कंधों और पैरों जैसे खुले हिस्सों पर। यही कारण है कि चेहरे और शरीर के लिए सनस्क्रीन अलग-अलग बनावट और गुणों के साथ बनाए जा सकते हैं।

चेहरे के लिए सनस्क्रीन कैसी होनी चाहिए?

चेहरे पर लगाने के लिए ऐसी सनस्क्रीन चुनना बेहतर होता है जो हल्की हो, त्वचा पर आसानी से फैल जाए और चिपचिपी महसूस न हो। तैलीय या मुंहासे वाली त्वचा के लिए हल्की और रोमछिद्र बंद न करने वाली सनस्क्रीन अधिक आरामदायक हो सकती है।

चेहरे के लिए सनस्क्रीन चुनते समय इन बातों का ध्यान रखें:

  • कम से कम एसपीएफ 30 या उससे अधिक वाली सनस्क्रीन चुनें।

  • ऐसी सनस्क्रीन लें जो यूवीए और यूवीबी दोनों किरणों से सुरक्षा दे।

  • तैलीय त्वचा के लिए हल्की और जल्दी त्वचा में समा जाने वाली बनावट चुनें।

  • संवेदनशील त्वचा के लिए खुशबू और ऐसे तत्वों से बचें जो जलन पैदा कर सकते हैं।

  • अगर आपको मुंहासे होते हैं, तो रोमछिद्र बंद न करने वाली सनस्क्रीन चुनना बेहतर है।

एसपीएफ और पीए रेटिंग क्यों जरूरी हैं?

सनस्क्रीन चुनते समय केवल यह देखना पर्याप्त नहीं है कि उस पर एसपीएफ लिखा है। एसपीएफ मुख्य रूप से यूवीबी किरणों से सुरक्षा के स्तर को दर्शाता है, जबकि पीए रेटिंग यूवीए किरणों से सुरक्षा के स्तर को बताती है।

रोजमर्रा के इस्तेमाल के लिए एसपीएफ 30 या उससे अधिक और व्यापक सुरक्षा वाली सनस्क्रीन एक अच्छा विकल्प हो सकती है। अगर आप लंबे समय तक धूप में रहते हैं, बाहर काम करते हैं या यात्रा कर रहे हैं, तो पर्याप्त सुरक्षा वाली सनस्क्रीन का इस्तेमाल और भी जरूरी हो जाता है।

क्या शरीर की सनस्क्रीन चेहरे पर लगाई जा सकती है?

हां, शरीर की सनस्क्रीन चेहरे पर लगाई जा सकती है, अगर उसके निर्देशों में चेहरे पर इस्तेमाल करने की अनुमति हो और वह आपकी त्वचा के लिए उपयुक्त हो। लेकिन कुछ शरीर वाली सनस्क्रीन चेहरे पर भारी, तैलीय या चिपचिपी लग सकती हैं। इससे खासकर तैलीय और मुंहासे वाली त्वचा पर असहजता हो सकती है।

अगर शरीर की सनस्क्रीन लगाने के बाद चेहरे पर जलन, खुजली, अत्यधिक तैलीयपन या मुंहासे बढ़ते हैं, तो चेहरे के लिए अलग सनस्क्रीन इस्तेमाल करना बेहतर है।

सनस्क्रीन सही तरीके से कैसे लगाएं?

सही सनस्क्रीन चुनने के साथ उसे सही मात्रा में और सही समय पर लगाना भी जरूरी है।

सनस्क्रीन लगाने का सही तरीका:

  1. बाहर निकलने से लगभग 15 से 20 मिनट पहले सनस्क्रीन लगाएं।

  2. चेहरे, गर्दन, कान और शरीर के सभी खुले हिस्सों पर पर्याप्त मात्रा में लगाएं।

  3. चेहरे पर सनस्क्रीन लगाते समय आंखों के बहुत करीब लगाने से बचें।

  4. अगर आप लंबे समय तक धूप में हैं, पसीना आ रहा है या तैराकी कर रहे हैं, तो निर्देशों के अनुसार दोबारा लगाएं।

  5. घर से बाहर निकलते समय केवल चेहरे पर नहीं, बल्कि गर्दन, हाथों और अन्य खुले हिस्सों पर भी सनस्क्रीन लगाएं।

सनस्क्रीन खरीदते समय किन बातों का ध्यान रखें?

चेहरे और शरीर के लिए सनस्क्रीन खरीदते समय अपनी त्वचा और रोजमर्रा की जरूरतों को ध्यान में रखें। केवल अधिक एसपीएफ वाली सनस्क्रीन चुनना ही पर्याप्त नहीं है।

सनस्क्रीन लेते समय देखें:

  • एसपीएफ 30 या उससे अधिक हो।

  • यूवीए और यूवीबी दोनों से सुरक्षा देती है।

  • आपकी त्वचा के प्रकार के अनुसार उपयुक्त हो।

  • चेहरे पर लगाने पर भारी या चिपचिपी न लगे।

  • शरीर पर आसानी से फैल जाए।

  • अगर आप अधिक पसीना बहाते हैं, तो पानी और पसीने के प्रति बेहतर टिकाऊ वाली सनस्क्रीन पर विचार करें।

  • संवेदनशील त्वचा होने पर ऐसी सनस्क्रीन चुनें जो जलन की संभावना कम करे।

Frequently Ask Questions

Most Read Blogs

View All